जकार्ता। इंडोनेशिया में ज्वालामुखी से मरने वाले लोगों की संख्या बढ़ती ही जा रही है। ज्वालामुखी के लावे से गंभीर रूप से जले छात्र की मौत के बाद मृतकों की संख्या 16 हो गई।
राहत कार्य के दौरान बचावकर्मियों ने लावे से कई जले हुए शव निकाले। इनमें एक गंभीर रूप से घायल छात्र भी था, जिसे इलाज के अस्पताल ले जाया। इलाज के दौरान छात्र की मौत हो गई।
एफारिना एतेहैम अस्पताल के एक अधिकारी ने बताया कि लावे और गर्म राख से गंभीर रूप से जले 24 वर्षीय एक छात्र की आईसीयू में मौत हो गई।
अभियान का नेतृत्व कर रहे लेफ्टिनेंट कर्नल असेप सुकर्णो ने कहा कि बचाव अभियान फिर शुरू किया गया है और ज्वालामुखी के मुहाने से करीब 3 किमी दूर एक शव पाया गया।
शुक्रवार को अधिकारियों ने ज्वालामुखी शांत होने की बात कहते हुए वहां से विस्थापित लोगों को वापस लौटने की अनुमति दी थी, लेकिन शनिवार को फिर दिन में माउंट सिनाबंग ज्वालामुखी फट गया।
नेशनल डिजास्टर मैनेजमेंट बोर्ड के मुताबिक माउंट सिनाबुंग के आस पास के लोगों को चेतावनी दे दी गई है और आपदा की सूचना देने के लिए कई जगहों पर गार्ड तैनात कर दिए गए हैं।
शनिवार को 8,530 फीट ऊंचे ज्वालामुखी फटने के बाद लावा 3 मील तक फैल गया था और अब तक 16 लोगों की मौत हो चुकी है।
Post a Comment